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Singer KK passes away: कॉन्सर्ट के बाद ऐसा क्या हुआ कि हमेशा के लिए दुनिया को अलविदा कह गए सिंगर KK?

 बॉलीवुड के मशहूर हिंदी गायक केके का निधन हो गया है. उनका निधन कोलकाता में लाइव कंसर्ट के दौरान हार्ट अटैक आने से हुआ है. 


बॉलीवुड के मशहूर सिंगर केके (कृष्णकुमार कुन्नाथ) का मंगलवार को निधन हो गया. उन्हें कलकत्ता मेडिकल रिसर्च इंस्टीट्यूट (सीएमआरआई) के डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित किया है. रिपोर्ट के अनुसार वह मंगवार को विवेकानंद कॉलेज में एक संगीत कार्यक्रम कर रहे थे. 


गायक केके का पूरा नाम कृष्णकुमार कुन्नथ है। इंडस्ट्री के मशहूर गायकों में से एक केके ने अपनी आवाज में कई गाने गाए। 23 अगस्त 1970 को जन्मे केके ने हिंदी के अलावा मराठी, बंगाली, गुजराती, तेलुगू, मलयालम, कन्नड़ और तमिल गानों के लिए अपनी आवाज दी है।

१९९१ में उन्होंने अपने ज्योति से शादी की, जिन्हें वे अपने बचपन से ही जानते है| जब वे काम नहीं कर रहे होते है, तब वे अपना ज़्यादातर समय अपने परिवार के साथ बिताने का प्रयास करते है| एक बार उन्होंने कहा था की वो उनका परिवार ही है जो उन्हें बॉलीवुड के दबाव से निपटने की प्रेरणा देती है, जहाँ जगह बनाने के लिए लगातार प्रयास करते रहना परता है| केके के साथ उनके बेटे नकुल ने भी 'हमसफ़र' में एक गीत "मस्ती" गाया है| केके की एक बेटी भी है जिसका नाम तामारा है| 



उनकी मधुर आवाज हर किसी के दिल को छू जाती थी।उनका जन्म त्रिश्शूर, केरल में सीएस नायर और कनाकवाल्ली, एक मलयाली जोड़े से हुआ| कृष्णकुमार कुन्नाथ नई दिल्ली में पले बढे| उनके बॉलीवुड ब्रेक से पहले उन्होंने 3,500 विज्ञापनों हेतु गीत गाए| वे दिल्ली के माउंट सेंट मैरी स्कूल के एक पूर्व छात्र रहे| उन्होंने 1999 क्रिकेट विश्व कप के दौरान भारतीय क्रिकेट टीम के समर्थन के लिए "जोश ऑफ़ इंडिया" गाना भी गाया| इस के बाद, उन्होंने पल नामक एलबम रिलीज किया, जिसे सर्वश्रेष्ठ सोलो एल्बम के लिए स्टार स्क्रीन पुरस्कार मिला| इस एल्बम के दो गाने 'पल' और 'यारों' काफी लोकप्रिय रहे। 


ऐसा क्या गुनाह किया जो लुट गए' गाने वाले केके का हार्ट अटैक से कोलकाता में निधन 



सिंगिंग जगत से दुखद खबर सामने आ रही है.  मशहूर सिंगर केके उर्फ कृष्ण कुमार कुन्नथ का निधन हो गया है. वे कोलकाता में एक कॉन्सर्ट करने गए थे. लेकिन कॉन्सर्ट के बाद अचानक से उनकी तबीयत बिगड़ी और वे गिर गए. उन्हें तुरंत नजदीक के अस्पताल ले जाया गया. लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. 


कैसा था KK का प्रारंभिक जीवन और पार्श्व गायन से कैसे बना संबंध 



बचपन में केके एक डॉक्टर बन्ना चाहते थे| उन्होंने अपना पहला प्रदर्शन किया जब वे दूसरी कक्षा में थे| अपनी बहुमुखी आवाज के लिए जल्द ही दिल्ली में विभिन्न विज्ञापन एजेंसियों द्वारा उनका उपयोग किया गया| उन्होंने अपने दोस्तों के साथ एक रॉक बैंड का भी गठन किया| मशुर गायक किशोर कुमार और संगीत निर्देशक आरडी बर्मन ने केके को बहुत प्रभावित किया| 


सिंगिंग जगत से आने वाली सबसे दुखद खबर


मशहूर सिंगर केके उर्फ कृष्ण कुमार कुन्नथ का निधन हो गया है. वे कोलकाता में एक कॉन्सर्ट करने गए थे. लेकिन कॉन्सर्ट के बाद अचानक से उनकी तबीयत बिगड़ी और वे गिर गए. उन्हें तुरंत नजदीक के अस्पताल ले जाया गया. लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. 53 साल की उम्र में केके दुनिया को अलविदा कह चले गए. 


सिंगर श्रेया घोषाल (Shreya Ghoshal) ने सोशल मीडिया पर नजरूल मंच में के.के. की आखिरी परफॉर्मेंस का वीडियो पोस्ट दिया है। इस वीडियो में वह अपना पॉपुलर गाना दिल इबादत गा रहे हैं। वीडियो के साथ श्रेया घोषाल ने लिखा, 'म्यूजिक के मास्टर के.के. का निधन। उनका नजरूल मंच में आखिरी म्यूजिक शो। वहीं, के.के के निधन के बाद अक्षय कुमार (Akshay Kumar) ने सिंगर को श्रद्धांजलि देते हुए लिखा, 'केके के निधन के बारे में जानकर काफी दुखी और हैरान हूं। ये बहुत बड़ा लॉस है। ऊं शांति।' 


सलमान खान और ऐश्वर्या राय जैसी अभिनेता और अभिनेत्री को अपने गाने से famous करने वाले KK नहीं रहे 


अब तक की शुरुआती जानकारी जो मिल रही है उसके मुताबिक केके का हार्ट अटैक की वजह से निधन हुआ है. लेकिन अभी डॉक्टर कुछ भी बोलने से बच रहे हैं. उनकी माने तो पोस्टमार्टम के बाद ही मौत का कारण स्पष्ट हो पाएगा. बताया जा रहा है कि केके दो दिन के कॉन्सर्ट के लिए कोलकाता आए हुए थे. उनका सोमवार को भी एक कॉन्सर्ट हुआ था. विवेकानंद कॉलेज में उन्होंने वो प्रोग्राम किया था. लेकिन दूसरे दिन कॉन्सर्ट के बाद उनकी तबीयत बिगड़ गई और देखते ही देखते वे सभी को हमेशा के लिए छोड़कर चले गए. 


वाणिज्य में दिल्ली विश्वविद्यालय से स्नातक होने के बाद, केके होटल उद्योग में एक विपणन कार्यकारी के रूप में आठ महीने बिताया| कुछ साल बाद, 1994 में, वे मुंबई में आ गए| 1994 में, वह लुई बैंकों, रंजीत बारोट, शिव माथुर और लेस्ली लुईस को अपना डेमो टेप दिया ताकी संगीत के क्षेत्र में एक ब्रेक मिल सके| यह 1994 में ही था, जब उनके बेटे नकुल का जन्म हुआ, कि चीजें अचानक बदल गई| 

विख्यात फिल्म निर्देशक विशाल भरद्वाज ने केके को बॉलीवुड में गाने का पहला मौका दिया| उन्होंने बॉलीवुड में अपना कार्यकाल "माचिस" के 'छोर आये हम' से शुरू किया और आगे चलकर कई और लोकप्रिय गाने गाये| उन्हें अपना पहला सोलो गाने भी विशाल भरद्वाज ने ही दिया| पर यह "हम दिल दे चुके सनम" के 'तड़प तड़प के' में उनका भावपूर्ण गायन ही था जिससे उन्हें प्रसिधी मिली| 




पहली बार यूटीवी द्वारा उन्हें बुलाया गया और उन्होंने Santogen suiting के विज्ञापन के लिए एक गीत गाया| चार साल की अवधि में उन्होंने 11 भारतीय भाषाओं में 3,500 से अधिक विज्ञापनों में गाया है| केके लेस्ली लेविस को अपना संरक्षक मानते है क्युकी उन्होंने ही केके को पहली बार विज्ञापन में गाने का मौका दिया था| केके ने हिंदी में 250 से भी अधिक गाने गाये है, एवं तमिल और तेलेगु में 50 से भी अधिक गाने गाये है| 

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